
जालंधर (हितेश सूरी) : शिअद की तरफ से जालंधर सेन्ट्रल विधानसभा सीट पर दावा ठोक रहे जालंधर के पूर्व सीनियर डिप्टी मेयर कमलजीत सिंह भाटिया ने आज सैंट्रल हलके से हिन्दू दलित नेता चंदन ग्रेवाल को मुख्य सेवादार बनाए जाने पर अपनी पार्टी के प्रति रोष व्यक्त किया । जालंधर में एक पत्रकार वार्ता का आयोजन कर श्री भाटिया ने चंदन ग्रेवाल को मुख्य सेवादार बनाए जाने के फैसले पर पुनर्विचार करने की मांग की व एक बार फिर केन्द्रीय सीट पर अपनी दावेदारी दोहराई l श्री भाटिया ने अपनी वरिष्ठता की दुहाई देते हुए कहा कि वह 37 साल से अकाली दल की सेवा कर रहा है। उन्होंने कहा कि पार्टी ने उनकी सेवाओं को नजरअंदाज किया व जालंधर सैंट्रल हल्के में श्री ग्रेवाल को मुख्य सेवादार बना दिया। उन्होंने कहा कि उनके साथ 42 पदाधिकारियों ने पार्टी हाईकमान को रोष चिट्ठी सौंपी है। उन्होंने कहा कि पार्टी हाईकमान को एक सप्ताह का मौका दिया है ताकि व चंदन ग्रेवाल के मामले पर पुनर्विचार कर सके l
कमलजीत सिंह भाटिया ने कहा कि एक सप्ताह के अंदर यदि हाईकमान द्वारा अपने निर्णय पर पुनर्विचार न किया गया तो वह कोई बड़ा फैसला लेने पर मज़बूर होंगे । उन्होंने कहा कि शिअद के टकसाली नेता चंदन ग्रेवाल के नाम पर विरोध कर रहे हैं। पत्रकारों ने जब उनसे पूछा कि अकाली दल का व्हाट्सएप्प ग्रुप छोड़ दिया है तो क्या पार्टी भी छोड़ेंगे, इस सवाल पर कमलजीत सिंह भाटिया ने कहा है कि ये पार्टी पर निर्भर है। जिक्र योग्य है की गत दिवस अकाली दल के प्रधान सुखबीर सिंह बादल ने जालंधर के सैंट्रल हलके से हिन्दू दलित नेता चंदन ग्रेवाल को मुख्य सेवादार बनाया है। माना जाता है कि सुखबीर बादल की तरफ से हलके के मुख्य सेवादार को ही विधानसभा चुनाव लड़ाया जाएगा। पार्टी के इस निर्णय के खिलाफ कमलजीत भाटिया कल से अपना रोष प्रकट कर पार्टी हाईकमान पर निर्णय बदलने का दबाव बना रहे है l