
जालंधर (हितेश सूरी) : श्री सनातन धर्म समिति (पंजाब) द्वारा 5 जून को आयोजित किये जा रहे 10वें श्री सनातन धर्म सम्मेलन के संबंध में रविवार को समिति की पहली बैठक नाथां दी बगीची मन्दिर, जेल रोड मे सम्पन्न हुई। बता दे कि श्री सनातन धर्म सम्मेलन का आयोजन 5 जून, 2022 दिन रविवार प्रातः 10 बजे जालन्धर के श्री महालक्ष्मी मन्दिर, जेल रोड के श्री दुर्गा हाल में होगा। इस मौके पर समिति के संस्थापक अध्यक्ष रविशंकर शर्मा ने कहा कि युगों-युगों से विश्व कल्याण को समर्पित श्री सत्य सनातन धर्म भारत भूमि पर प्रतिष्ठित है। उन्होंने कहा कि हमे अपनी सनातन संस्कृति की मूल भावना का ज्ञान होना परम आवश्यक है, इसलिए यह आवश्यक है कि हमें अपनी वैदिक सनातन परंपरा और मर्यादा का ज्ञान हो। श्री शर्मा ने कहा कि सनातन परंपरा की प्रतिष्ठा का रक्षण तथा उसे धारण करना आज हमारा परम कर्तव्य है और साथ ही अपने समस्त परिवार व विशेष रूप से अपने बच्चों को उन सनातन संस्कारों से पोषित करने की नितांत आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि इसी उद्देश्य को लेकर समिति की तरफ से श्री सनातन धर्म सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सम्मेलन में श्री सनातन धर्म के प्रचार-प्रसार के विषय पर विस्तार से विचार-चर्चा होगी तथा इसमें विद्धान समाज भारतीय वैदिक सनातन संस्कृति एवं संस्कृति की रक्षा आदि विभिन्न विषयों पर अपने विचार प्रस्तुत करेंगे। इस अवसर पर अखिल विश्व गीता महामण्डल के संस्थापक पं केवल कृष्ण शर्मा ने श्री श्रीमद् भागवत कथा के माध्यम से सनातन धर्म की व्याख्या की। इस अवसर पर पं अशोक शर्मा, राहुल बाहरी, मोहनलाल शर्मा, श्याम सुन्दर शर्मा, विनोद शर्मा, प्रमोद मलहोत्रा, अमृत खोसला, विजय सेठी, यश पहलवान, जुगल जोशी, कमलजीत मल्होत्रा, शशांक शर्मा, राजन सोनी, दविन्दर मल्होत्रा, वरिन्दर शर्मा काला, सतनाम बिट्टा, रमेश ग्रेवाल, प्रिंस शर्मा, कुलदीप भोला, पं बाल कृष्ण शर्मा, आशा शर्मा, सपना मनराय, शबनम, पूनम व अन्य गणमान्य उपस्थित रहे। अंत में श्री केवल कृष्ण शर्मा, श्री रवि शंकर शर्मा व समिति के समस्त पदाधिकारियों ने सभी शहरवासियों और समस्त श्री सनातन धर्म सभाएं को श्री सनातन धर्म सम्मेलन में शामिल होने का आह्वान किया।