
जालंधर (हितेश सूरी) : केंद्रीय सूक्ष्म लघु व मध्यम उद्यम मंत्रालय (एम.एस.एम.ई.) द्वारा विभिन्न उद्योगों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए विभिन्न स्तरों पर उद्यमिता को प्रोत्साहित करने तथा सृजनता, शोध एवं अनुसंधान में अग्रणी लधु उद्योगों का उत्साहवर्धन करने के लिए विशेष अभियान शुरू किया गया है। जिस के अंतर्गत राष्ट्रीय एमएसएमई पुरस्कार योजना के लिए राज्य स्तरीय चयन समिति की बैठक दिलीप कुमार, प्रिंसिपल सेक्टरी डिपार्टमेंट ऑफ इंडस्ट्रीज एंड कॉमर्स, पंजाब की अध्यक्षता में हुई । उक्त जानकारी देते हुए सूक्ष्म, लघु व मध्यम उद्योगों की समस्याओं व उनके निदान के प्रति सजग लघु उद्योग भारती पंजाब के उपाध्यक्ष व प्रचार प्रभारी विक्रांत शर्मा ने बताया कि इस बैठक में एडवोकेट अरविंद धूमल (अखिल भारतीय उपाध्यक्ष लघु उद्योग भारती ), सिबिन सी ( डायरेक्टर इंडस्ट्री, पंजाब), आर के परमार ( उप निर्देशक एम एस एम ई – डी आई, लुधियाना), उपकार सिंह आहूजा, (अध्यक्ष, चैंबर ऑफ इंडस्ट्रीज एंड कमर्शियल अंडरटेकिंग लुधियाना), वरिंदर शर्मा, ( डायरेक्टर, एम एस एम ए-डी आई, लुधियाना) व अन्य गणमान्य उपस्थित रहे। उक्त सम्मान के लिए 158 आवेदन मिले, जिनमें से 58 आवेदन जानकारी आधी अधूरी जानकारी के चलते रद्द हो गए। शेष में 20 माइक्रो, 42 स्माल, 23 मीडियम, 5 टेक्नोलॉजी एफिशिएंट मैन्युफैक्चरिंग इंटरप्राइजेज अवार्ड , 3 एक्सपोर्ट ओरिएंटेड मैन्युफैक्चरिंग इंटरप्राइजेज , 4 जनरल वुमन व 3 को अवॉर्ड फॉर सर्विस इंटर्नशिप की श्रेणी में रखा गया है। अंतिम 16 अवार्ड प्राप्त करने वालो की विधिवत घोषणा सभी औपचारिकताए पूरी करने के पश्चात की जाएगी। श्री अरविंद धूमल ने एम एस एम ई के गुणात्मक विकास के व्यापक हित में नवाचार प्रयासों को प्रोत्साहित करने और उद्यमिता की भावना को बढ़ावा देने के लिए भारत सरकार ने ऐसे उद्यमियों के उत्कृष्ट प्रदर्शन व योगदान को मान्यता देते हुए राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कार प्रदान करने के निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि समयानुसार बदलना ही विकास पथ को सुचारू बनाता है। जरूरत आवश्यकता अनुसार अधिक से अधिक जानने और नई तकनीक को प्रयोग में लाने की है। उन्होंने विभिन्न सरकारी संस्थानों से उद्यमियों को जागरूक करने के लिए अधिकाधिक विशेष अभियान चलाने का आग्रह भी किया।